गोंडा, 05 दिसंबर। उत्तर प्रदेश के जनपद गोंडा में पड़ रही कड़ाके की ठंड के बीच कोई भी व्यक्ति खुले आसमान के नीचे न सोए, इसी संकल्प के साथ आज SDM सह परियोजना अधिकारी डूडा मैम ने नगर पालिका परिषद क्षेत्र स्थित आश्रय गृह (रेन बसेरा) का विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सभी व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि जरूरतमंद लोगों को सकुशल रेन बसेरा तक पहुंचाया जाए तथा ठंड से बचाव के लिए हर जरूरी सुविधा तत्काल उपलब्ध कराई जाए।निरीक्षण के क्रम में SDM ने फैमिली रूम, महिला डॉर्मिट्री, पुरुष डॉर्मिट्री, महिला-पुरुष शौचालयों के साथ-साथ दिव्यांगजनों के लिए बनाए गए विशेष शौचालय का भी गहन अवलोकन किया। उन्होंने साफ-सफाई, गर्म बिस्तरों की उपलब्धता, पेयजल, रोशनी और सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया। आश्रय गृह में अभी तक 13 बेसहारा लोग ठहरे हुए हैं, जबकि 25 लोग PSC (प्रोजेक्ट स्टाफ) के सदस्य हैं। प्रबंधक विवेक कुमार सिंह ने बताया कि सभी आगंतुकों को गर्म कंबल-बिस्तर, स्वच्छ पेयजल, आवश्यक दवाइयां एवं अन्य मूलभूत सुविधाएं पूरी तरह निःशुल्क प्रदान की जा रही हैं।जिलाधिकारी एवं जिला प्रशासन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि यदि रात में या ठंड में कोई व्यक्ति सड़क, फुटपाथ या खुले में सोता या बैठा दिखे तो बिना देर किए इस मोबाइल नंबर 9919904497 पर तुरंत सूचना दें। प्रशासन की टीम तत्काल मौके पर पहुंचकर उसे सुरक्षित आश्रय गृह में पहुंचाएगी।ठंड से अब तक प्रदेश में कई मौतें हो चुकी हैं। गोंडा प्रशासन का यह कदम मानवता की मिसाल पेश कर रहा है। प्रशासन ने सभी रेन बसेरों को 24×7 सक्रिय रखने के निर्देश दिए हैं ताकि एक भी जिंदगी ठंड की भेंट न चढ़े।
