महेश गोस्वामी की रिपोर्ट
जिला कृषि अधिकारी जेपी यादव ने बताया है कि खरीफ 2021 में बीज वितरण का कार्य प्रारम्भ हो रहा है जिसे देखते हुए शासन व कृषि विभाग कृषकों को उच्च गुणवत्ता युक्त बीज उपलब्ध कराने हेतु प्रतिबद्ध है।उन्होंने जनपद के बीज का व्यवसाय करने वाली समस्त बीज आपूर्तिकर्ता कंपनियों, सहकारी एवं निजी बीज विक्रेताओं को चेतावनी दी है कि जनपद के बाहर से ऐसे विक्रेताओं से बीज नहीं प्राप्त करेंगे जिनके पास एक जिले से दूसरे जिले में व्यापार हेतु निदेशालय स्तर से निर्गत बीज लाइसेंस नहीं है। सभी विक्रेता न तो स्वयं बिना बीज निबंधन प्रमाण पत्र प्राप्त किये बीजों का व्यापार करेंगे और न ही ऐसे विक्रेताओं को बीज की आपूर्ति करेंगे, जिसका बीज निबंधन प्रमाण पत्र नहीं बना है वो तत्काल ऑनलाइन प्रणाली पर आवेदन करते हुए लाइसेन्स प्राप्त कर लें। जनपद के बाहर से बीज प्राप्त करने पर आपूर्तिकर्ता फर्म, आपूर्तित मात्रा की सूचना तत्काल इस कार्यालय में आपूर्तिकर्ता कंपनी और विक्रेता उपलब्ध कराएँगे। विभिन्न फसलों के रिसर्च वैरायटी के बीज जो अधिसूचित नही है, की बिक्री कृषकों में कदापि नही करेंगे। दुकान पर डिस्प्ले बोर्ड, रेट बोर्ड, स्टॉक बोर्ड प्रदर्शित करेंगे तथा कृषकों को बिक्री की रसीद क्रय के समय ही अवश्य देंगे। बीज का स्टॉक एवं वितरण पंजिका नियमित रूप से तैयार करेंगे तथा बिक्री के पश्चात् पूर्ण विवरण कैश मेमो नम्बर सहित वितरण रजिस्टर,स्टॉक रजिस्टर में अंकित करेंगे। यह अवश्य सुनिश्चित करेंगे कि बीज आपूर्तिकर्ता फर्म, कंपनी के पास प्रदेश स्तरीय बीज व्यापार हेतु कृषि निदेशालय से निर्गत लाइसेंस अवश्य हो अन्यथा स्टॉक जब्त कर लिया जायेगा। कृषको को बीज अधिनियम के मानक के अनुरूप उच्च गुणवत्ता युक्त बीज की ही आपूर्ति करेंगे तथा यह अवश्य सुनिश्चित करेंगे कि बीज के बोरे के लेबल पर जो विवरण अंकित है वह विशिष्टियाँ वास्तविक रूप से भी बीज अधिनियम के अनुसार बीज में भी हो। इसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी विक्रेता व कंपनी की ही होगी। कृषकों के स्तर से बीज से संबंधित कोई शिकायत प्राप्त होने पर कंपनी प्रतिनिधि एवं विक्रेता मौके पर उपस्थित होकर तत्काल कार्यवाही करेंगे। बीज वितरण की पाक्षिक सूचना प्रतिमाह 17 तारीख को एवं मासिक सूचना प्रतिमाह 2 तारीख को निर्धारित प्रारूप-घ पर जिला कृषि अधिकारी कार्यालय में देनी होगी। बीज निरीक्षक व अधिकारियो के मांगे जाने पर समस्त अभिलेख अवलोकन हेतु प्रस्तुत करेंगे तथा मांगे जाने पर बीज नमूना लेने की कार्यवाही कराएंगे । उन्होंने निर्देशों का परिपालन कड़ाई से अनुपालन न करने, बीज उठान, वितरण की सूचना न उपलब्ध कराने पर बीज बिक्री लाइसेंस निरस्त करने के साथ ही बीज नियंत्रण आदेश 1983 एवं आवश्यक वस्तु अधिनियम-1955 की धारा 3/7 के अंतर्गत एफ०आई०आर० दर्ज करा दिया जायेगा जिसके लिए संबन्धित विक्रेता एवं कम्पनी उत्तरदायी होगी।
